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Yoga for Thyroid in Hindi | थाइरोइड रोग में उपयोगी योग

By Dr Paritosh Trivedi On, Thursday, December 17, 2015


भारत में थाइरोइड / Thyroid के रोगियों की संख्या में तेजी से बढ़ोतरी हो रही हैं। मोटापा, आलस्य, प्रदुषण  और खान-पान की चीजों में केमिकल की मिलावट के कारण Thyroid के रोगियों की संख्या बढ़ रही हैं। Thyroid रोग के प्रकार, कारण, लक्षण और उपचार की संपूर्ण जानकारी हम पहले प्रकाशित कर चुके हैं। आप यह जानकारी यहाँ click कर पढ़ सकते हैं - Thyroid रोग की संपूर्ण जानकारी सरल हिंदी भाषा में !  

आज बाबा रामदेव के कारण भारत के साथ पुरे विश्व में अनेक रोगों का निवारण करने के लिए योग का सहारा लिया जा रहा हैं। थाइरोइड रोग को भी कुछ विशेष योगासन का नियमित अभ्यास कर नियंत्रण में रखा जा सकता हैं। योग करने से थाइरोइड ग्रंथि में Thyroid Stimulating Hormone जिसे TSH हॉर्मोन भी कहा जाता है उसका स्त्रवण ठीक से शुरू हो सकता है।

आज हम इस लेख में Thyroid रोग को नियंत्रित करने के लिए कौन-कौन से योग और प्राणायाम कर सकते है इसकी जानकारी दे रहे हैं।

Best-Yoga -Pranayam- For -Thyroid-Hypothyroidism-Hyperthyroidism

Yoga for Thyroid in Hindi | थाइरोइड रोग में उपयोगी योग 

Best Yoga For Thyroid Patients in Hindi

ऐसे कई योग है जिनका रोज अभ्यास करने से Thyroid रोग में लाभ मिल सकता हैं। ऐसे विशेष योग क्रियाओं की जानकारी निचे दी गयी हैं।
  • सूर्यनमस्कार / Sun Salvation : ऐसे तो सूर्यनमस्कार सम्पूर्ण शरीर के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी हैं परन्तु इसका Thyroid रोग में विशेष महत्त्व हैं। सूर्यनमस्कार करते समय गर्दन को आगे-पीछे करना पड़ता है और गहरी साँसे लेना और छोड़ना पड़ता हैं। इस क्रिया से Thyroid ग्रंथि पर दबाव पड़ता हैं और उसके आस-पास के स्नायु क्रियाशील होते हैं। सूर्यनमस्कार कैसे करते है और इसके लाभ संबंधी संपूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - सूर्यनमस्कार विधि और लाभ !
  • भुजंगासन / Cobra Pose : इस आसान में गर्दन को उठाकर सांस लेने और छोड़ने की क्रिया करना पड़ता है जिससे Thyroid ग्रंथि पर दबाव पड़ता है और वह सुचारू रूप से कार्य करती हैं। भुजंगासन कैसे करते हैं और इसके लाभ संबंधी सम्पूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - भुजंगासन विधि और लाभ !
  • मत्स्यासन / Fish Pose : यह आसन करते समय पदमासन में बैठकर गर्दन को पीछे की ओर झुकाकर लंबी साँसे लेना और छोड़ना पड़ता हैं जिससे Thyroid ग्रंथि को लाभ मिलता हैं। मत्स्यासन कैसे करते है और इसके लाभ संबंधी सम्पूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - मत्स्यासन विधि और लाभ ! 
  • मकरासन / Crocodile Pose : इस आसन में मगरमच्छ के समान गर्दन पर तनाव देना पड़ता है जिससे Thyroid ग्रंथि पर दबाव पड़ता हैं। मकरासन कैसे करते हैं और इसके लाभ की संपूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - मकरासन विधि और लाभ !


  • शवासन / Corpse Pose : शवासन करने से मानसिक शांति मिलती हैं और तनाव दूर होता हैं। शवासन कैसे करना चाहिए और इसके लाभ संबंधी सम्पूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - शवासन विधि और लाभ !
  • प्राणायाम / Pranayam : सुखासन, पदमासन या वज्रासन में सीधे बैठकर बाए नाक से लम्बी और गहरी सांस लेना और दाए नाक से छोड़ना फिर यही क्रिया दाहिनी नाक से सांस लेना और बाए नाक से छोड़ना इस प्रकार लगातार 20 बार सुबह-शाम अभ्यास करना चाहिए।       
  • हलासन / Plow Pose : हलासन करते समय गर्दन के ऊपर दबाव पड़ता है साथ ही वजन कम करने में मदद मिलती हैं। हलासन कैसे करते है और इसके लाभ संबंधी संपूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ क्लिक करे - हलासन विधि और लाभ !
  • कपालभाति : कपालभाती का नियमित अभ्यास सम्पूर्ण शरीर के लिए लाभकारी होता हैं। इसके अभ्यास से शरीर के विषैले तत्व और हानिकारक केमिकल्स का प्रभाव कम होता हैं। कपालभाती कैसे करते है और इसके लाभ संबंधी संपूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - कपालभाती विधि और लाभ !
  • उज्जयी प्राणायाम / Victorious Breath : इस प्राणायाम में गले से छूती हुई लम्बी गहरी सांस लेना और फिर गले से सरसराहट की ध्वनि निकालते हुए धीरे-धीरे छोड़ना पड़ता हैं। उज्जयी प्राणायाम की विधि और लाभ की संपूर्ण जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - उज्जयी प्राणायाम विधि और लाभ ! 
  • भ्रामरी प्राणायाम / Humming Bee Breath : यह प्राणायाम करते समय भ्रमर के समान आवाज करना पड़ता हैं। मानसिक तनाव और विचारों को काबू में करने के लिए यह श्रेष्ठ प्राणायाम हैं। भ्रामरी प्राणायाम की विधि और लाभ की जानकारी पढ़ने के लिए यहाँ click करे - भ्रामरी प्राणायाम विधि और लाभ !
ऊपर दिए योग क्रियाओं का नियमित अभ्यास कर आप अपने थाइरोइड रोग को नियंत्रित कर सकते हैं। अगर कोई भी योग करते समय आपको किसी प्रकार की परेशानी होती है तो योग विशेषज्ञ और डॉक्टर की सलाह अवश्य लेना चाहिए। ध्यान रहे की कभी भी बिना डॉक्टर की सलाह अपनी थाइरोइड की दवा बंद न करे। 

नियमित योग अभ्यास करने से आपका थाइरोइड रोग नियंत्रित हो सकता है और दवा का dose धीरे-धीरे कम हो सकता हैं। कुछ थाइरोइड के रोगियों में शुरूआती दौर में ही योग्य उपचार, आहार, व्यायाम और योग करने पर थाइरोइड रोग ठीक भी हो सकता हैं।

महत्वपूर्ण जानकारी - थाइरोइड के रोगी ने क्या खाना चाहिए और क्या नहीं

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2 comments:

  1. Thanks for sharing but it would have been much better if the article had pictures too.!!

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    Replies
    1. Veenaji,
      You can read the complete procedure of each Yoga with pictures by clicking on the links provided in the article.

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